बाबा गुरु घासीदास के आदर्शों पर चलकर छत्तीसगढ़ सरकार कर रही सर्वसमाज के हित में कार्य: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार बाबा गुरु घासीदास जी के बताए समानता, सद्भाव और मानवता के मार्ग पर चलते हुए समाज के सभी वर्गों के कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। शिक्षा को विकास का मूलमंत्र बताते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि सरकार का उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुँचाना है।
मुख्यमंत्री श्री साय आज दुर्ग जिले के भिलाई सेक्टर-6 स्थित सतनाम भवन में आयोजित परमपूज्य बाबा गुरु घासीदास जी की 269वीं जयंती एवं गुरु पर्व कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने बाबा गुरु घासीदास जी की गुरु-गद्दी के दर्शन कर विधिवत पूजा-अर्चना की और प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि एवं कल्याण की कामना की। कार्यक्रम में तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब, स्कूल शिक्षा मंत्री श्री गजेन्द्र यादव, अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष एवं विधायक श्री डोमन लाल कोरसेवाड़ा सहित अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि 18वीं सदी में सामाजिक भेदभाव और छुआछूत के दौर में बाबा गुरु घासीदास जी ने “मनखे-मनखे एक समान” का संदेश देकर समाज को नई दिशा दी। इन्हीं मूल्यों को आत्मसात करते हुए छत्तीसगढ़ सरकार प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के संकल्प के अनुरूप कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने सतनाम भवन सेक्टर-6 भिलाई में डोम निर्माण के लिए 50 लाख रुपये तथा बाबा गुरु घासीदास जयंती आयोजन हेतु प्रतिवर्ष 10 लाख रुपये देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण के माध्यम से समाज के विकास के लिए 75 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है और उच्च शिक्षा के लिए समाज के विद्यार्थियों को 15 लाख रुपये तक की सहायता दी जा रही है। जिला मुख्यालयों में नालंदा परिसर का निर्माण कर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जा रही है।
इसी क्रम में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने मुंगेली जिले के खैरा-सेतगंगा धाम में आयोजित बाबा गुरु घासीदास जयंती समारोह को भी संबोधित किया। उन्होंने जैतखंभ में पूजा-अर्चना कर पालो चढ़ाया तथा गुरुगद्दी और राम जानकी मंदिर में दर्शन किए। सेतगंगा धाम के समग्र विकास हेतु मुख्यमंत्री ने सामुदायिक भवन निर्माण के लिए 50 लाख रुपये, राम जानकी मंदिर पर्यटन क्षेत्र विकास के लिए 50 लाख रुपये तथा गुरु घासीदास जयंती आयोजन के लिए 10 लाख रुपये की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी कर रही है, महतारी वंदन योजना से 70 लाख से अधिक महिलाओं को लाभ मिल रहा है और नई उद्योग नीति के माध्यम से युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित किए जा रहे हैं। उन्होंने नशाखोरी के खिलाफ समाज को जागरूक होकर कठोर कदम उठाने की आवश्यकता पर भी बल दिया।
कार्यक्रमों में उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव, खाद्य मंत्री श्री दयालदास बघेल, विधायकगण, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में सतनाम पंथ के अनुयायी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बाबा गुरु घासीदास जी के विचार आज भी सामाजिक एकता, भाईचारे और समरसता को सशक्त बनाने की प्रेरणा देते हैं।




