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  • ग्रामीणों को मिली बड़ी राहत: अटल डिजिटल सुविधा केंद्र बना गांवों में आर्थिक सेवाओं का नया आधार

    ग्रामीणों को मिली बड़ी राहत: अटल डिजिटल सुविधा केंद्र बना गांवों में आर्थिक सेवाओं का नया आधार


    कवर्धा। ग्रामीण अंचलों में सरकारी योजनाओं का लाभ अब पहले से कहीं अधिक सुगमता से लोगों तक पहुँच रहा है। जिले में स्थापित अटल डिजिटल सुविधा केंद्रों ने बैंकिंग सेवाओं को गांवों के भीतर पहुंचाकर ग्रामीणों के समय, श्रम और धन—तीनों की बचत सुनिश्चित की है। पहले गांवों के लोगों को 15 से 20 किलोमीटर दूर बैंक जाना पड़ता था, जिसके लिए पूरा दिन लग जाता था और यात्रा में 100 से 200 रुपये तक का खर्च होता था। लेकिन अब इन्हीं सेवाओं का लाभ ग्रामीण अपने गांव में ही ले पा रहे हैं।

    प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के हितग्राहियों को इन केंद्रों से सीधे राशि मिल रही है, जिससे उनके लिए आवास निर्माण का कार्य और भी सरल हो गया है। ग्राम भोंदा की दूरपति/कार्तिक ने बताया कि आवास निर्माण के लिए मिली राशि में से 25 हजार रुपये उन्होंने गांव में ही निकाले हैं। पहले उन्हें बोड़ला बैंक तक जाना पड़ता था, जहाँ भीड़ और लंबी दूरी के कारण काफी परेशानी होती थी। अब केवल आधार दिखाने और अंगूठा स्कैन कर देने से तत्काल भुगतान मिलने लगा है। इसी तरह रूप किशोर और बीना बाई सहित कई अन्य लाभार्थियों ने बताया कि गांव में सुविधा मिलने से वे न केवल समय बचा रहे हैं, बल्कि घर-परिवार के काम भी बिना प्रभावित हुए कर पा रहे हैं।

    जिला पंचायत कबीरधाम के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अजय कुमार त्रिपाठी ने बताया कि जिले में कुल 307 स्थानों पर अटल डिजिटल सुविधा केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। क्यूसेक और डिजी-पे के जरिए वीएलई इन केंद्रों के माध्यम से बैंकिंग सेवाएँ उपलब्ध करा रहे हैं। अब तक 62 हजार से अधिक ट्रांजैक्शन पूरे कर ग्रामीणों को 16 करोड़ 74 लाख रुपये से अधिक का भुगतान किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थी सबसे अधिक इन केंद्रों से नगद राशि निकाल रहे हैं, जिससे यह सिद्ध होता है कि सुविधा का लाभ सीधे ग्रामीणों तक पहुँच रहा है।

    सीईओ त्रिपाठी ने बताया कि जिले के कई ग्राम पंचायतों में लगातार बड़ी राशि गांवों में ही निकाली जा रही है, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था में तेजी आई है। अटल डिजिटल सुविधा केंद्र अब केवल बैंकिंग सेवा नहीं, बल्कि ग्रामीण जीवन में सुविधा और आत्मनिर्भरता का नया आधार बनते जा रहे हैं।

  • जिले में युवाओं को रोजगार का अवसर: 3 दिवसीय प्लेसमेंट कैंप 3 से 5 दिसंबर तक

    जिले में युवाओं को रोजगार का अवसर: 3 दिवसीय प्लेसमेंट कैंप 3 से 5 दिसंबर तक


    कवर्धा । जिले में निजी क्षेत्र में रोजगार की तलाश कर रहे युवाओं के लिए जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र द्वारा तीन दिवसीय प्लेसमेंट कैंप का आयोजन किया जा रहा है। यह कैंप 3, 4 और 5 दिसंबर 2025 को रोजगार कार्यालय परिसर, जिला न्यायालय रोड, कवर्धा में प्रतिदिन प्रातः 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक आयोजित होगा।

    पहले दिन 3 दिसंबर को चौहान ऑटोमोबाइल एलएलपी (मारुति सुजुकी एरेना), ब्रांच कवर्धा द्वारा भर्ती की जाएगी। इसमें सर्विस एडवाइजर के 5 पद, टेक्निकल एडवाइजर के 5 पद, टेक्निशियन के 10 पद, तथा ड्राइवर के 3 पद शामिल हैं।

    4 और 5 दिसंबर को एस.आई.एस. लिमिटेड, रायपुर द्वारा सिक्योरिटी गार्ड के 200 पदों पर भर्ती की प्रक्रिया संपन्न होगी। सिक्योरिटी गार्ड के लिए निर्धारित शारीरिक मानक—168 सेमी ऊंचाई और 56 किलोग्राम वजन—जरूरी है।

    जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि यह प्लेसमेंट कैंप पूरी तरह निःशुल्क है और सभी नियुक्तियाँ निजी क्षेत्र के संस्थानों में की जाएँगी। चयन संबंधी सभी प्रक्रियाएँ नियोजक/संस्था द्वारा ही की जाएँगी। इच्छुक आवेदक कैंप में उपस्थित नियोजक या उनके प्रतिनिधि से पद, वेतनमान तथा कार्य संबंधी विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

    प्लेसमेंट कैंप में शामिल होने वाले अभ्यर्थी को—
    रोजगार पहचान पत्र,
    सभी शैक्षणिक प्रमाण पत्र,
    जाति एवं निवास प्रमाण पत्र,
    आधार कार्ड,
    एक पासपोर्ट साइज फोटो,
    ड्राइविंग लाइसेंस (जहाँ लागू हो)
    की मूल एवं छायाप्रतियाँ साथ लानी होंगी।

    इस प्रक्रिया हेतु किसी भी प्रकार का मार्ग व्यय देय नहीं होगा।

  • रायपुर में अगले महीने सजेगा साहित्य उत्सव, 100+ साहित्यकार होंगे शामिल; CM विष्णुदेव साय ने किया लोगो लॉन्च—कहा, छत्तीसगढ़ को मिलेगी नई पहचान

    रायपुर में अगले महीने सजेगा साहित्य उत्सव, 100+ साहित्यकार होंगे शामिल; CM विष्णुदेव साय ने किया लोगो लॉन्च—कहा, छत्तीसगढ़ को मिलेगी नई पहचान

    रायपुर। नए वर्ष की शुरुआत के साथ छत्तीसगढ़ एक बार फिर साहित्यिक ऊर्जा से सराबोर होने को तैयार है। आगामी महीने रायपुर साहित्य उत्सव का आयोजन नवा रायपुर में 23 से 25 जनवरी तक होगा, जिसमें देश भर से 100 से अधिक प्रतिष्ठित साहित्यकार शामिल होंगे। राज्य स्थापना के रजत वर्ष पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय द्वारा इस आयोजन की परिकल्पना की गई थी। उनकी यह परिकल्पना अब साकार रूप लेने जा रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज अपने निवास कार्यालय में रायपुर साहित्य उत्सव के लोगो का अनावरण किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार श्री पंकज झा, छत्तीसगढ़ साहित्य अकादमी के अध्यक्ष श्री शंशाक शर्मा, जनसंपर्क विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव, वरिष्ठ साहित्यकार श्री सुशील त्रिवेदी, डॉ. चितरंजन कर, श्री गिरीश पंकज, डॉ. संजीव बक्शी, श्री प्रदीप श्रीवास्तव और श्रीमती शकुंतला तरार उपस्थित थे।

    लोगो अनावरण के अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य की स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने पर पूरा प्रदेश रजत महोत्सव मना रहा है, और रायपुर साहित्य उत्सव उसी श्रृंखला का एक महत्वपूर्ण अध्याय है। उन्होंने कहा कि यह उत्सव न केवल छत्तीसगढ़ को, बल्कि पूरे देश के मूर्धन्य साहित्यकारों को एक साझा मंच प्रदान करेगा, जहाँ उनके अनुभव, विचार और रचनात्मक धारा से अवगत होने का अवसर मिलेगा। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि यह आयोजन छत्तीसगढ़ को साहित्यिक जगत में एक नई पहचान प्रदान करेगा तथा जनसमुदाय को साहित्य, लेखन और पठन-पाठन की ओर प्रेरित करेगा। साथ ही यह उत्सव राज्य की विकास योजनाओं के लिए भी सकारात्मक सामाजिक चेतना और विमर्श का मंच बनेगा।

    उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की संकल्पना पर आधारित इस आयोजन की व्यापक कार्ययोजना मात्र दो माह में तैयार की गई है। यह तीन दिवसीय महोत्सव 23, 24 एवं 25 जनवरी 2026 को जनजातीय संग्रहालय के समीप आयोजित होगा।

    इस उत्सव में कुल 11 सत्र शामिल होंगे। इनमें 5 समानांतर सत्र, 4 सामूहिक सत्र, और 3 संवाद सत्र आयोजित किए जाएंगे, जिनमें साहित्यकारों एवं प्रतिभागियों के बीच सीधा संवाद और विचार-विमर्श होगा।

    छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक-साहित्यिक विरासत का प्रतीक उत्सव का लोगो

    अगले महीने आयोजित होने जा रहे रायपुर साहित्य उत्सव के लोगो में छत्तीसगढ़ की समृद्ध सांस्कृतिक और साहित्यिक विरासत को एक प्रभावशाली प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया है। यह लोगो न सिर्फ राज्य की पहचान को दर्शाता है, बल्कि बस्तर की जैव-विविधता, जनजातीय परंपराओं, और छत्तीसगढ़ की आत्मा माने जाने वाले सल्फी पेड़ की सांस्कृतिक महत्ता को भी सशक्त रूप में उजागर करता है।

    लोगो में सल्फी के पेड़ को छत्तीसगढ़ राज्य के नक्शे का रूप देकर यह संदेश दिया गया है कि राज्य की सभ्यता, संस्कृति और साहित्य सदियों से इसी भूमि की जड़ों से पोषित होते आए हैं। सल्फी का यह पेड़ आदिकाल से चली आ रही पौराणिक परंपराओं, भाईचारे और एकजुटता का प्रतीक माना जाता है। जनजातीय समाज के जीवन में गहराई से रचे-बसे इस पेड़ को साहित्य उत्सव के लोगो में शामिल करने से यह संदेश भी मिलता है कि छत्तीसगढ़ का जनजातीय साहित्य, लोकविश्वास और पारंपरिक ज्ञान-धारा आज भी समकालीन साहित्यिक प्रवाह के केंद्र में है।

    लोगो में अंकित ‘आदि से अनादि तक’ वाक्य साहित्य की उस अटूट यात्रा को दर्शाता है, जिसमें आदिकालीन रचनाओं से लेकर निरंतर विकसित हो रहे आधुनिक साहित्य तक सभी रूप समाहित हैं। यह संदेश स्पष्ट रूप से प्रकट होता है कि साहित्य कालातीत है, वह समय, समाज, भाषा और पीढ़ियों को जोड़कर चलने वाली निरंतर धारा है। इसी प्रकार लोगो में शामिल ‘सुरसरि सम सबके हित होई’ वाक्य साहित्य को गंगा की तरह मुक्त, समावेशी और सर्वहितकारी शक्ति के रूप में स्थापित करता है। साहित्य सभी जाति, वर्ग, परंपरा और जीवन-रीतियों को अपनी व्यापकता में समाहित कर समाज को दिशा देता है और सबके हित का मार्ग प्रशस्त करता है।

    रायपुर साहित्य उत्सव का यह लोगो पूरे छत्तीसगढ़ के लिए सांस्कृतिक गर्व का विषय है, क्योंकि इसमें राज्य की हजारों वर्षों पुरानी साहित्यिक जड़ें, जनजातीय परंपराएँ, सामाजिक समरसता और आधुनिक रचनात्मक दृष्टि-सभी का सुंदर, सार्थक और कलात्मक संगम दिखाई देता है। यह लोगो जनमानस तक यह सशक्त संदेश पहुँचाता है कि छत्तीसगढ़ की साहित्यिक यात्रा ‘आदि से अनादि’ तक अविचल, जीवंत और समृद्ध रही है और आगे भी इसी धारा में निरंतर विकास की नई कहानियाँ लिखती रहेगी। रायपुर साहित्य उत्सव के लोगो से छत्तीसगढ़ में आदि-अनादि काल से मजबूत साहित्य की जड़ों और उनसे जुड़ाव का सशक्त संदेश जनमानस तक पहुंचेगा।

  • कवर्धा: जिला पंचायत अध्यक्ष ईश्वरी साहू ने आधी रात किया शक्कर कारखाने का निरीक्षण, गन्ना किसानों की सुविधाएँ सुनिश्चित करने के निर्देश

    कवर्धा: जिला पंचायत अध्यक्ष ईश्वरी साहू ने आधी रात किया शक्कर कारखाने का निरीक्षण, गन्ना किसानों की सुविधाएँ सुनिश्चित करने के निर्देश

    कवर्धा। जिला पंचायत अध्यक्ष ईश्वरी साहू ने मंगलवार रात्रि लगभग 12 बजे भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने का आकस्मिक निरीक्षण किया। देर रात अचानक पहुंचे साहू ने कारखाने में गन्ना लेकर आए किसानों से सीधे बात कर उनकी समस्याओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया।

    निरीक्षण के दौरान उन्होंने कारखाना प्रबंधन को स्पष्ट निर्देश दिए कि गन्ना तौलने से लेकर ट्रॉली की कतार व्यवस्था तक, किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि रात में पहुँचने वाले किसानों के लिए चाय–पानी, आराम व रात्रि विश्राम, तथा प्रतीक्षा क्षेत्र में प्रकाश की उचित व्यवस्था अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए।

    अध्यक्ष साहू ने मौके पर मौजूद किसानों से बातचीत कर उनका हाल-चाल जाना और प्राप्त शिकायतों का तत्काल समाधान करने को कहा। उन्होंने कहा कि किसान राज्य की अर्थव्यवस्था की नींव हैं, इसलिए उनके सम्मान व सुविधा में कोई कमी नहीं रहनी चाहिए।

    कारखाना प्रबंधन ने अध्यक्ष को बताया कि किसानों के लिए आवश्यक व्यवस्थाएँ लगातार बेहतर की जा रही हैं और दिए गए निर्देशों का तत्काल पालन किया जाएगा।

  • कवर्धा: सिद्धपीठ श्री खेड़ापति हनुमान मंदिर में कल होगा दुर्लभ ग्रंथी पूजन, 27 वर्षों से जारी संकट-निवारण अनुष्ठान

    कवर्धा: सिद्धपीठ श्री खेड़ापति हनुमान मंदिर में कल होगा दुर्लभ ग्रंथी पूजन, 27 वर्षों से जारी संकट-निवारण अनुष्ठान

    कवर्धा। सिद्धपीठ श्री खेड़ापति हनुमान मंदिर में आज संकट-निवारण के लिए आयोजित दुर्लभ ग्रंथी पूजन का भव्य आयोजन होगा। विगत 27 वर्षों से लगातार आयोजित हो रहे इस विशेष अनुष्ठान में प्रतिवर्ष हजारों श्रद्धालु शामिल होते हैं। प्रदेशभर में यह अनुष्ठान केवल इसी मंदिर में संपन्न होता है, जिसके कारण श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखा जा रहा है।

    मंदिर समिति के अनुसार देश-विदेश में निवासरत भक्त भी यहां से विशेष पीला धागा बनवाकर धारण करते हैं। मान्यता है कि इस ग्रंथी पूजन से जीवन की बाहरी बाधाएं दूर होती हैं और हनुमान जी की विशेष कृपा प्राप्त होती है।

    भविष्य पुराण के अनुसार व्यास मुनि द्वारा वर्णित यह व्रत अत्यंत दुर्लभ और गोपनीय माना गया है। अगहन शुक्ल त्रयोदशी के अवसर पर नदी या सरोवर में स्नान कर हनुमान जी का विधि-विधान से पूजन किया जाता है। पूजन के दौरान पीले धागे में “ऊं नमो भगवते वायु नन्दनाय नमः” मंत्र का जप करते हुए तेरह गांठें लगाई जाती हैं। पूजन उपरांत इस ग्रंथी को हनुमान जी को अर्पित कर श्रद्धालु स्वयं धारण करते हैं। मान्यता है कि इससे सभी प्रकार की बाधाएं दूर होती हैं और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।

    धार्मिक परंपराओं में वर्णित है कि प्रभु श्रीराम ने लंका विजय से पूर्व तथा पांडवों ने वनवास के दौरान इसी व्रत का पालन किया था, जिसके फलस्वरूप उन्हें विजय एवं राज्य प्राप्ति का वरदान मिला। मान्यता है कि कलियुग में हनुमान जी ही सर्वश्रेष्ठ राजा माने गए हैं और श्रद्धा-भक्ति के साथ किया गया यह व्रत तुरंत फल देता है। अनास्था या अनादर करने पर विपरीत प्रभाव पड़ने का भी उल्लेख मिलता है।

    कल मंदिर में विशेष भोग के रूप में मालपुए अर्पित किए जाएंगे। मंदिर समिति द्वारा भोग लगाकर भक्तों को प्रसाद वितरण किया जाएगा। आयोजन को लेकर परिसर में विशेष तैयारियां की गई हैं।

  • अखिल भारतीय बाघ गणना 2026: दुर्ग वन वृत्त के मास्टर ट्रेनर्स का वृत्त स्तरीय प्रशिक्षण सम्पन्न

    अखिल भारतीय बाघ गणना 2026: दुर्ग वन वृत्त के मास्टर ट्रेनर्स का वृत्त स्तरीय प्रशिक्षण सम्पन्न

    कवर्धा। अखिल भारतीय बाघ गणना 2026 (छठवें चरण) की तैयारी के अंतर्गत आज वनमंडल कवर्धा में मास्टर ट्रेनर्स के लिए वृत्त स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह प्रशिक्षण काष्ठागार कवर्धा के सभागार में दो सत्रों में सम्पन्न हुआ।

    प्रथम सत्र में प्रतिभागियों को साइन सर्वे, ट्रांजेक्ट सर्वे तथा कैमरा ट्रैप प्रेजेंटेशन से संबंधित विस्तृत क्लासरूम अध्ययन कराया गया। इसके पश्चात दूसरे सत्र में फील्ड एक्सरसाइज के माध्यम से व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया, जिसमें बाघों की गणना के लिए आवश्यक तकनीकी प्रक्रियाओं का अभ्यास कराया गया।

    इस प्रशिक्षण में दुर्ग वन वृत्त के सभी वनमंडलों से अधिकारी एवं कर्मचारी मास्टर ट्रेनर के रूप में शामिल हुए। ये प्रशिक्षित मास्टर ट्रेनर्स अपने-अपने वनमंडलों में फील्ड स्टाफ को आगे प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। ज्ञात हो कि बाघों की अखिल भारतीय गणना प्रत्येक चार वर्ष में की जाती है।

    कार्यक्रम में प्रमुख रूप से श्रीमती सतोविशा समाजदार, प्रभारी मुख्य वन संरक्षण (वन्यप्राणी) एवं क्षेत्र संचालक, उदंती-सीतानदी टाइगर रिज़र्व, रायपुर; श्री वरुण जैन, उप निदेशक, उदंती-सीतानदी टाइगर रिज़र्व, गरियाबंद; श्री निखिल अग्रवाल, वनमंडलाधिकारी, कवर्धा; श्री अभिनव केशरवानी, उप वनमंडलाधिकारी, कवर्धा; श्री शिवेन्द्र भगत, उप वनमंडलाधिकारी, सह—लोहारा; श्री कृषानू चंद्राकर, अधीक्षक, बारनवापारा अभ्यारण्य; श्रीमती अनिता साहू, अधीक्षक, भोरमदेव अभ्यारण्य कवर्धा तथा वाइल्ड लाइफ इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया से श्री ओंकार उपस्थित रहे।


    इसके अतिरिक्त दुर्ग वन वृत्त के परिक्षेत्र अधिकारी, परिक्षेत्र सहायक एवं वनरक्षक भी प्रशिक्षण में शामिल हुए।

  • BJP का संगठन विस्तार पर बड़ा फैसला: छत्तीसगढ़ ने जिला संगठन प्रभारी व सह-प्रभारियों की नई नियुक्ति सूची जारी, देखें पूरी लिस्ट

    BJP का संगठन विस्तार पर बड़ा फैसला: छत्तीसगढ़ ने जिला संगठन प्रभारी व सह-प्रभारियों की नई नियुक्ति सूची जारी, देखें पूरी लिस्ट

    रायपुर। भारतीय जनता पार्टी छत्तीसगढ़ (BJP) छत्तीसगढ़ ने संगठन को ज़मीनी स्तर पर और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए विभिन्न जिलों में जिला संगठन प्रभारी एवं सह-प्रभारियों की नियुक्ति की है। प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव ने नई जिम्मेदारियों की घोषणा करते हुए कहा कि यह नियुक्तियाँ आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों, संगठन विस्तार और बूथ स्तर तक समन्वय को गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएँगी।

    भारतीय जनता पार्टी छत्तीसगढ़ (BJP) छत्तीसगढ़ द्वारा जारी आदेश के अनुसार, नव–नियुक्त प्रभारी अपने-अपने जिलों में संगठनात्मक ढांचे को सुदृढ़ करने, कार्यकर्ताओं से संवाद बढ़ाने और पार्टी कार्यक्रमों को प्रभावी रूप से लागू कराने की जिम्मेदारी निभाएँगे। वहीं सह-प्रभारियों को उनके साथ समन्वयकारी भूमिका में लगाया गया है, ताकि सभी जिलों में संगठनात्मक गतिविधियाँ अधिक सक्रिय और परिणामकारी हों।

    भाजपा नेतृत्व का कहना है कि नई टीम के गठन से संगठनात्मक कार्यों में तेज़ी आएगी और पार्टी की जमीनी पकड़ को और मजबूती मिलेगी।

  • उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बोड़ला ब्लॉक के 08 स्कूलों में स्मार्ट क्लास का किया शुभारंभ*

    उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बोड़ला ब्लॉक के 08 स्कूलों में स्मार्ट क्लास का किया शुभारंभ*

    कवर्धा। डिजिटल शिक्षा की पहल को आगे बढ़ाते हुए उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने आज  हायर सेकेंडरी स्कूल खैरबना कला से बोड़ला ब्लॉक के 08 शासकीय स्कूलों में स्मार्ट क्लास-रूम की शुरुआत की। कवर्धा और सहसपुर लोहारा विकासखंड में स्मार्ट क्लासेज की शुरुआत की जा चुकी है। जिसके पश्चात अब बोड़ला विकासखंड के स्कूलों में स्मार्ट क्लास प्रारंभ किए गए।

    उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा की यह पहल वनांचल क्षेत्रों तक डिजिटल शिक्षा को विस्तार दे रही है। स्मार्ट क्लास शुभारंभ के अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष श्री चंद्र प्रकाश चंद्रवंशी, जिला पंचायत सदस्य डॉ. बीरेंद्र साहू, श्रीमती गंगाबाई लोकचंद साहू, श्री नितेश अग्रवाल, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष श्री संतोष पटेल, श्री नीलू साहू, नवभारत ब्यूरो चीफ श्री मन्नू चंदेल, श्री नरेश साहू, श्री गुलाब साहू, श्री लखन पटेल, श्री रूपलाल साहू, श्री योगेश साहू, श्री शत्रुहन पटेल, श्रीमती दिलकनी सुरेश साहू, जिला शिक्षाधिकारी श्री एफ आर वर्मा सहित स्कूल के शिक्षकगण, छात्र छात्राएं और ग्रामवासी उपस्थित रहे।

     इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कहा कि स्मार्ट क्लासेज आधुनिक तकनीकों, 3D एनीमेशन और ऑडियो वीडियो कंटेंट का उपयोग कर बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को सरल और रोचक बनाएगी। स्मार्ट क्लास की मदद से विद्यार्थी विज्ञान, गणित, भूगोल जैसे कॉन्सेप्ट आधारित विषयों को एनिमेशन, वीडियो और इंटरैक्टिव लर्निंग के माध्यम से अधिक प्रभावी तरीके से सीख सकेंगे। जिसका लाभ उन्हें इन विषयों के जटिल कॉन्सेप्ट को क्लियर करने और बुनियादी समझ को मजबूत बनाने में मिलेगा। उन्होंने कहा कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से जुड़े होने के कारण स्मार्ट क्लासेज के माध्यम से दूसरे स्कूलों से विषय विशेषज्ञ और एक्सपर्ट्स भी बच्चों की एक साथ क्लास ले सकेंगे। उन्होंने विज्ञान और गणित के साथ के साथ भूगोल तथा अन्य विषयों की पढ़ाई स्मार्ट क्लास से करवाने के लिए कहा।

     उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने इस दौरान बच्चों के साथ बैठकर डिजिटल बोर्ड के माध्यम से पादप कोशिका की संरचना एवं विभिन्न अंगों के बारे में 3D इमेजिंग के माध्यम से लाइव प्रदर्शन देखा। उन्होंने छात्रों से कहा कि डिजिटल बोर्ड से किसी विषय का त्रि आयामी चित्र एवं ऑडियो विजुअल के साथ प्रस्तुतीकरण काफी इंटरेक्टिव तरीके से किया जाता है। जिससे कठिन विषय भी आसानी से समझ आते हैं। अतः इसका पूरा लाभ उठाएं और विषयों पर अच्छी पकड़ बनाएं। यह पहल केवल आधुनिक उपकरण स्थापित करने तक सीमित नहीं, बल्कि ग्रामीण और सुदूर वनांचल इलाकों के छात्रों के लिए शिक्षा प्रणाली को आधुनिक, सुलभ और प्रेरक बनाने की दिशा में एक दूरदर्शी प्रयास है।

    गौरतलब है कि जिले के 50 हायर सेकेंडरी स्कूलों में स्मार्ट क्लास स्थापित किए जा रहे हैं। जिसमें कवर्धा, सहसपुर लोहारा और बोड़ला विकासखंड के 34 स्कूलों में स्मार्ट क्लास का शुभारंभ किया जा चुका है। आगे शेष स्कूलों में भी स्मार्ट क्लास का शुभारंभ जल्द होने जा रहा है।इस स्मार्ट क्लास पहल के साथ स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार होगा, ग्रामीण, दूरदराज़ इलाकों के बच्चों को आधुनिक तकनीक आधारित पढ़ाई का अवसर मिलेगा जो उन्हें आगे उच्च शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में सहायक सिद्ध होगा।

    *बच्चों से जाने उनके अनुभव, लगन से पढ़ाई करने किया प्रोत्साहित*
    उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने इस दौरान ऑनलाइन जुड़े सभी 8 स्कूलों के बच्चों से बात कर स्मार्ट क्लास से पढ़ाई के संबंध में उनके अनुभव जाने। बच्चों ने बताया कि अब विज्ञान और गणित जैसे विषयों को समझने में बड़ी आसानी हो रही है। उन्होंने इस सुविधा के लिए उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा के प्रति आभार व्यक्त किया। बच्चों को संबोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कहा कि स्कूलों में उन्नत संसाधनों की व्यवस्था की जा रही है ताकि पढ़ाई लिखाई  बेहतर हो। उन्होंने छात्रों से कहा कि भविष्य में क्या बनना है यह लक्ष्य तय कर खूब मेहनत और लगन से पढ़ाई करें।

    *इन स्कूलों में हुई स्मार्ट क्लास की शुरुआत*
    उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने ख़ैरबना कला में आयोजित कार्यक्रम से बोड़ला विकासखंड के 8 स्कूलों में स्मार्ट क्लास की शुरुआत हुई। जिसमें शा. हायर सेकेंडरी स्कूल ख़ैरबना कला, शा. हायर सेकेंडरी स्कूल राजा नवागांव, शा. हायर सेकेंडरी स्कूल महाराजपुर, भोरमदेव कन्या शिक्षा परिसर महाराजपुर, शा. हाई स्कूल रौचन, शा. हाई स्कूल मिनमिनिया मैदान, शा. हाई स्कूल जुनवानी जंगल और शा. हाई स्कूल बेंगरची स्कूल शामिल है।

  • छत्तीसगढ़ की पोलो टीम की ऐतिहासिक जीत—मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दी बधाई

    छत्तीसगढ़ की पोलो टीम की ऐतिहासिक जीत—मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दी बधाई

    रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री  निवास कार्यालय में अंतरराष्ट्रीय पोलो टूर्नामेंट में शामिल छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों ने सौजन्य भेंट की।

    मुख्यमंत्री श्री साय ने टीम के सदस्यों को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन पर बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि पूरे राज्य के लिए गर्व की बात है। उन्होंने खिलाड़ियों को भविष्य में भी इसी उत्साह और मेहनत के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के आदिवासी युवाओं में खेल की अपार प्रतिभा है और राज्य सरकार के सहयोग से घुड़सवारी एवं पोलो खेल को नई दिशा मिली है।

    उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ ने पहली बार इतिहास रचते हुए 22 से 29 नवम्बर 2025 तक इंफाल में आयोजित 15वें मणिपुर अंतरराष्ट्रीय पोलो टूर्नामेंट में हिस्सा लेकर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई। यह अवसर इसलिए भी विशेष रहा क्योंकि देश के इतिहास में पहली बार किसी राज्य को अंतरराष्ट्रीय पोलो टूर्नामेंट में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए आमंत्रित किया गया।

    छत्तीसगढ़ टीम ने अमेरिका, कोलंबिया, इंडियन पोलो एसोसिएशन और अन्य अंतरराष्ट्रीय टीमों के साथ प्रतिस्पर्धा कर यह गौरव अर्जित किया। यह उपलब्धि आदिवासी युवाओं की खेल जगत में बढ़ती भागीदारी का महत्वपूर्ण उदाहरण है।

    गौरतलब है कि इस ऐतिहासिक उपलब्धि के पीछे कई संस्थानों का संयुक्त योगदान रहा जिसमे छत्तीसगढ़ शासन,भारतीय सेना (एनसीसी),दंतेवाड़ा जिला प्रशासन,कांकेर जिला प्रशासन,ब्रीगो एंड हेक्टर इक्वेस्ट्रियन मैनेजमेंट कंपनी, रायपुर मुख्य रूप से शामिल रहे। इस प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ की टीम के सदस्यों में लेफ्टिनेंट कर्नल अमन सिंह, एनसीसी,लांस नदिम अली (सेवानिवृत्त),वेदिका शरण,चित्रभानु सिंह,सैमुअल विश्वकर्मा,गोलू राम कश्यप,सुभाष लेकामि,देवकी कड़ती शामिल रहे। इससे पूर्व भी कु. वेदिका शरण ने सितंबर 2025 में बेंगलुरु में आयोजित घुड़सवारी की अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भाग लेकर अपने आयु वर्ग में भारत में दूसरा तथा विश्व स्तर पर 15 वा स्थान प्राप्त कर प्रदेश व देश का नाम रोशन किया है l

    उल्लेखनीय है कि “खेल से शक्ति” पहल के अंतर्गत दंतेवाड़ा और कांकेर जिले के प्रतिभाशाली छात्रों को घुड़सवारी और पोलो का प्रशिक्षण प्रदान किया गया। यह प्रशिक्षण ब्रीगो एंड हेक्टर इक्वेस्ट्रियन मैनेजमेंट कंपनी द्वारा भारतीय सेना के अनुभवी पोलो खिलाड़ियों के सहयोग से संचालित किया गया।

    यह पहल आदिवासी युवाओं को खेल, शिक्षा और प्रशिक्षण के माध्यम से सशक्त बनाने की राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को मजबूत करती है। इसका उद्देश्य छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए आवश्यक संसाधन और अवसर उपलब्ध कराना है। इस अवसर पर आयुक्त छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल श्री अवनीश शरण और घुड़सवारी प्रशिक्षक सुश्री गीता दहिया उपस्थित रहे।

  • उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने ग्राम कोठार को दी 96 लाख रुपए की बड़ी सौगात,सीसी सड़क एवं सामुदायिक भवन निर्माण कार्य का किया भूमिपूजन

    उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने ग्राम कोठार को दी 96 लाख रुपए की बड़ी सौगात,सीसी सड़क एवं सामुदायिक भवन निर्माण कार्य का किया भूमिपूजन

    रायपुर। उपमुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक  विजय शर्मा के सशक्त नेतृत्व में कवर्धा विधानसभा क्षेत्र चहुंमुखी विकास की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है। ग्रामीण इलाकों में मुख्यमंत्री ग्राम गौरव पथ योजना के तहत हो रहे सड़क निर्माण कार्यों से गांवों की कनेक्टिविटी और अधोसंरचना मजबूत हो रही है, वहीं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई दिशा मिल रही है। इसी क्रम में आज उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ग्राम कोठार पहुंचे, जहां उन्होंने 82.95 लाख रुपए की लागत से निर्मित होने वाली सीसी सड़क सह नाली निर्माण और 13 लाख रुपए की लागत से सामुदायिक भवन निर्माण कार्य का विधिवत भूमिपूजन किया।

    ग्राम कोठार में 41.65 लाख रूपएएवं 41.30 लाख रूपए की लागत से दो महत्वपूर्ण सड़कों का निर्माण किया जाएगा, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में वर्षों पुरानी समस्याओं से मुक्ति मिलेगी। इसके साथ ही 13 लाख रुपए की लागत से 2 सामुदायिक भवन का निर्माण किया जाएगा। इस दौरान जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री कैलाश चंद्रवंशी सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।

    इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कहा कि ग्रामों में बेहतर सड़क, स्वच्छ नाली व्यवस्था, पेयजल, बिजली, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी मूलभूत सुविधाओं का विस्तार सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि “ग्राम कोठार सहित पूरे कवर्धा विधानसभा क्षेत्र को विकसित किया जा रहा है। सड़कें मजबूत होंगी तो कृषि, व्यापार और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।सड़क किसी भी क्षेत्र के विकास की पहली जरूरत होती है। सड़क निर्माण से स्थानीय निवासियों, किसानों एवं विद्यार्थियों को सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी। यह केवल एक निर्माण कार्य नहीं, बल्कि ग्राम कोठार के समग्र विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

    उन्होंने ग्राम कोठार की एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक पहल को याद करते हुए कहा कि पहले आवास योजना के लिए ग्राम कोठार से ही आंदोलन शुरू किया गया था। हमारी सरकार बनने के बाद पहली कैबिनेट मीटिंग में इस मांग को स्वीकृति प्रदान की गई। यह कवर्धा के लोगों के संघर्ष और विश्वास की बड़ी जीत है। उन्होंने आगे कहा कि जिन लोगों का नाम आवास में नहीं आया है, उनके लिए नया सर्वे कार्य कराया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि पात्र सभी लोगों को आवास दिया जाएगा। ग्राम सभा से प्रस्ताव पारित कर अंतिम सूची तैयार की जाएगी, किसी भी योग्य परिवार को वंचित नहीं किया जाएगा।

    उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने निर्माण एजेंसी को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि कार्य की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए। समयबद्ध, टिकाऊ और मजबूत सड़क निर्माण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आने वाले लंबे समय तक ग्रामीणों को इसका लाभ मिलता रहे। उन्होंने कहा की सरकार के मार्गदर्शन और सभी के सक्रिय प्रयासों से कवर्धा विधानसभा विकास की नई ऊँचाइयों को छू रहा है। शासन की महत्वपूर्ण योजनाओं का लाभ अब गाँव–गाँव तक पहुंच रहा है, जिससे क्षेत्र के नागरिकों की लंबे समय से चली आ रही मूलभूत आवश्यकताएँ पूरी हो रही हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि सड़क बनने के बाद ग्रामीणों विशेषकर बच्चों, महिलाओं और किसानों को बड़ी राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि मजबूत सड़क सुविधा से कृषि कार्यों में तेजी आएगी, विद्यार्थियों के लिए स्कूल, कॉलेज तक पहुंचना आसान होगा और आपात स्थितियों में भी आवागमन सुगम बनेग