पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बयान के विरोध में हिंदू सनातन मंच का प्रदर्शन, न्यायालय परिसर के सामने किया गया पुतला दहन

कवर्धा। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा कथावाचक एवं संत धीरेंद्र शास्त्री को लेकर दिए गए बयान को लेकर राजनीतिक एवं सामाजिक हलकों में प्रतिक्रिया तेज हो गई है। इसी कड़ी में मंगलवार को हिंदू सनातन मंच द्वारा कवर्धा स्थित न्यायालय परिसर के सामने विरोध प्रदर्शन करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का पुतला दहन किया गया।
हिंदू सनातन मंच के सदस्यों ने आरोप लगाया कि भूपेश बघेल ने अपने बयान में संत धीरेंद्र शास्त्री की कार्यप्रणाली, आयोजनों और गतिविधियों पर सवाल उठाते हुए उन्हें राजनीतिक एजेंडे से जोड़ने का प्रयास किया, जिससे हिंदू समाज की भावनाएं आहत हुई हैं। मंच के पदाधिकारियों का कहना है कि एक संवैधानिक पद पर रह चुके व्यक्ति द्वारा इस प्रकार की टिप्पणी न केवल अनुचित है, बल्कि इससे समाज में वैमनस्य फैलने की भी आशंका उत्पन्न होती है।
प्रदर्शन के दौरान मंच के सदस्य पोखराज सिंह परिहार, आदित्य झा, रवि सिंह राजपूत, तुलेश्वर शर्मा, नितिन पाठक सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जो लोग हिंदू एकता और सनातन संस्कृति की बात करते हैं, वे आज कुछ राजनीतिक नेताओं को असहज कर रहे हैं। धार्मिक विषयों को राजनीतिक दृष्टिकोण से देखने और सार्वजनिक मंचों से संतों पर टिप्पणी करना निंदनीय है।
हिंदू सनातन मंच ने यह भी कहा कि छत्तीसगढ़ की भूमि संत-महात्माओं की परंपरा से समृद्ध रही है और ऐसे में किसी भी धार्मिक व्यक्तित्व पर बिना ठोस तथ्यों के बयान देना समाज की भावनाओं को ठेस पहुंचाता है। मंच ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से अपने बयान पर संयम बरतने और सार्वजनिक जीवन में मर्यादित भाषा के प्रयोग की अपील की।
मंच ने स्पष्ट किया कि हिंदू समाज अपने धार्मिक विश्वासों, संत परंपरा और सांस्कृतिक मूल्यों के सम्मान की रक्षा के लिए संगठित और सजग है तथा भविष्य में भी ऐसे मामलों में लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराता रहेगा।




