अंकिता शर्मा, कवर्धा। रायपुर जिले के ग्राम पंचायत नकटी में गरीब परिवारों के मकानों पर हुई बुलडोजर कार्रवाई को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। पूर्व कैबिनेट मंत्री मोहम्मद अकबर और जिला कांग्रेस कमेटी कबीरधाम के अध्यक्ष नवीन जायसवाल ने इस कार्रवाई को गरीब विरोधी बताते हुए सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए हैं।
पूर्व कैबिनेट मंत्री मोहम्मद अकबर ने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में भी नकटी बस्ती का मामला सामने आया था, लेकिन तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने गरीबों की बस्ती उजाड़कर विधायकों के लिए आवास निर्माण की अनुमति नहीं दी थी। उन्होंने कहा कि नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण क्षेत्र में कई अन्य स्थान उपलब्ध हैं, जहां कॉलोनी विकसित की जा सकती है, लेकिन गरीबों के घरों को निशाना बनाना उचित नहीं है।
अकबर ने आरोप लगाया कि बरसात के मौसम में तड़के बिजली काटकर बुलडोजर चलाना संवेदनशील शासन की पहचान नहीं हो सकती। उन्होंने कहा कि जिन परिवारों ने वर्षों की मेहनत, कर्ज और अपनी जमीन बेचकर घर बनाए थे, उनके आशियानों को एक झटके में मलबे में बदल दिया गया। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि सत्ता का घमंड हमेशा नहीं रहता और गरीबों की बद्दुआ कभी व्यर्थ नहीं जाती।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष नवीन जायसवाल ने कहा कि प्रशासन द्वारा किए जा रहे पुनर्वास की व्यवस्था अपर्याप्त है। बड़े परिवारों को एक कमरे में रहने के लिए मजबूर किया जा रहा है, जहां बिजली, पानी और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हैं। उन्होंने इसे पुनर्वास नहीं बल्कि गरीबों के साथ अन्याय बताया।
नवीन जायसवाल ने कहा कि नकटी की घटना भाजपा सरकार की गरीब विरोधी नीतियों का प्रतीक बन गई है। उन्होंने दावा किया कि कुछ दिन पहले ग्रामीणों ने रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल से मुलाकात की थी, जहां उन्हें आश्वासन दिया गया था कि बरसात के दौरान किसी प्रकार की तोड़फोड़ नहीं की जाएगी और समाधान निकाला जाएगा। इसके बावजूद कार्रवाई किए जाने से सरकार की कथनी और करनी में अंतर उजागर हुआ है।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि पार्टी नकटी के प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है और सड़क से लेकर सदन तक उनके अधिकारों की लड़ाई लड़ेगी। साथ ही सरकार से प्रभावित परिवारों के लिए सम्मानजनक पुनर्वास और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की गई है।